

महिलाओं के लिए रोजगार से जुड़ी अच्छी खबर है। सीएम अशोक गहलोत की बजट घोषणा के तहत महिलाओं को कौशल के अनुरूप सरकारी विभागों और निजी कम्पनियों में वर्क फ्रॉम होम (जॉब) उपलब्ध कराने का काम शुरू हो गया है। इसके लिए महिला अधिकारिता विभाग ने mahilawfh.rajasthan.gov.in पाेर्टल तैयार किया है। जॉब की इच्छुक महिलाओं को इस पर रजिस्ट्रेशन कराना होगा। महिलाएं जनआधार के जरिए रजिस्ट्रेशन करवा सकती हैं। उन सरकारी विभागों और निजी कम्पनियों को भी पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराना आवश्यक है, जो रोजगार उपलब्ध कराना चाहते हैं।
राशि एजेंसी तय करेगी: काम की एवज में कितना रुपया देंगे, यह संबंधित कंपनी या विभाग तय करेगा। काैशल क्षमता के अनुसार राशि बाद में कम-ज्यादा भी हो सकेगी। जिन कम्पनियों में 20% महिलाएं वर्क फ्राॅम हाेम, उन्हें आर्थिक सहायता। जिन कम्पनियों में कुल कर्मचारियों में से 20% महिलाओं काे वर्क फ्राॅम हाेम दिया जाएगा, उन कम्पनियों काे आर्थिक सहायता दी जाएगी। विभाग जल्द सरकार काे प्रस्ताव भेजेगा। इधर, दूरस्थ शिक्षा से जुड़े विद्यार्थियाें काे महिला विषय विशेषज्ञाें के जरिए ऑनलाइन प्रशिक्षण दिया जाएगा। विद्यार्थियाें की स्कूल ड्रेस की सिलाई, सरकारी छात्रावासों में काम आने वाले कपड़े, बैडशीट, पर्दे आदि की धुलाई संबंधी कार्य भी अब ऑनलाइन ऑर्डर के माध्यम से करवाए जा सकेंगे।
गहलोत सरकार की बड़ी पहल: 20 विभागों में मिलेगा काम
- 100 कराेड़ रुपए का बजट दिया है सरकार ने इसके लिए।
- 150 महिलाएं रजिस्ट्रेशन करा चुकी हैं अब तक।
- 9 कम्पनियों ने कराया है अब तक रजिस्ट्रेशन।
- 110 महिलाओं को जाॅब के अवसर उपलब्ध करवाए जा चुके।
- 20 हजार महिलाओं को वर्क फ्राॅम हाेम जाॅब मिलेगा 6 माह में।
- 20 से ज्यादा विभाग चिह्नित किए हैं महिला अधिकारिता विभाग ने पहले चरण में, जहां से महिलाओं काे काम मिल सकेगा।
(महिलाओं को काम उनके कौशल और जॉब उपलब्धता के आधार पर देंगे)
प्रशिक्षण को प्रति महिला 3 हजार रु. देगी सरकार
महिलाओं को काम देने वाली कम्पनी या सरकारी विभाग काे सरकार प्रति महिला 3 हजार रुपए देगी। एजेंसी काे बताना हाेगा महिला काे प्रशिक्षण देने के साथ ही काम देकर काम के बदले उसके अकाउंट में भुगतान कर दिया है।
अभी अकाउंटिंग से लेकर वेब डिजाइनिंग जैसे काम
विभाग की आयुक्त पुष्पा सत्यानी ने बताया- पहले चरण में अकाउंटिंग संबंधी कार्य, साफ्टेवयर डिजाइनिंग, डेटा एनालिसिस, वेब डिजाइनिंग, टाइपिंग, डाॅक्यूमेंटेशन, काउंसलिंग सेवाएं, अस्पताल में काम आने वाले कपड़ाें की सिलाई संबंधी कार्य, ग्रेडिंग, पैकेजिंग के काम उपलब्ध करवाए जाएंगे।
