

गोरखपुर जंक्शन का कायाकल्प जल्द ही होने वाला है, जंक्शन को सिटी सेण्टर के तर्ज़ पर विकसित किये जाने की योजना है। जल्द ही यहाँ जहाँ पटरियों पर ट्रैन दौड़ते हुए दिखाई देगी वहीँ ऊपर लोग बैठकर भोजन और नाश्ता करते नजर आएँगे। इसके साथ ही बच्चों के खेलने और लोगो के शॉपिंग करने की भी व्यवस्था रहेगी। पूर्वोत्तर रेलवे के अंतर्गत आने वाले गोरखपुर, छपरा, गोंडा, गोमतीनगर और काठगोदाम रेलवे स्टेशन को बिलकुल एयरपोर्ट के जैसा बनाने की योजना पर बहुत तेजी से काम किया जा रहा है।
स्टेशन आने वाले यात्रियों को अब स्टेशन परिसर के अंदर ही रेस्टोरेंट, मेडिकल और शापिंग कांप्लेक्स जैसी उच्चस्तरीय सुविधाएं मिल सकेंगी। यात्रियों को अब इन सुविधाओं के लिए स्टेशन परिसर से बाहर नहीं जाना पड़ेगा। इन सब सुविधाओं के लिए गोरखपुर रेलवे स्टेशन की खाली जगह का उपयोग किया जाएगा जिसके व्यावसायिक इस्तेमाल के लिए रेलवे द्वारा एक निजी एजेंसी को हायर किया जा रहा है। इसके लिए प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही है।
यह एजेंसी इन सभी सुविधाओं के लिए डिज़ाइन बनाकर रेलवे को देगी। सूत्रों के अनुसार रेलवे प्रशासन की योजना पटरियों के ऊपर रूफ टॉप बनाने की है। जो की दो या तीन मंजिल का हो सकता है। जिसमें पहले तल पर फूड प्लाजा, वेटिंग लाउंज रहेगा। जबकि, ऊपरी तल पर रिटेल के लिए स्थान, कैफेटेरिया और बच्चों के खेलने का स्थान रहेगा।
पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्या जन संपर्क अधिकारी पंकज सिंह इस योजना के बारे में बात करते हुए बताते हैं की “पूर्वोत्तर रेलवे पर गोरखपुर, गोंडा, छपरा, गोमतीनगर एवं काठगोदाम रेलवे स्टेशनों के पुनर्विकास के कार्य स्वीकृत हैं। गोरखपुर रेलवे स्टेशन की डिजाइन के लिए कंसल्टेंट नियुक्त करने की प्रक्रिया चल रही है। स्टेशनों के पुनर्विकास के साथ एक नई व्यवस्था की शुरुआत होगी। इसके अंतर्गत रेलवे स्टेशन को एक सिटी सेंटर के रूप में विकसित किया जाएगा, जो कि शहर के दोनों तरफ के लोगों को जोड़ने का कार्य करेगा।”
