

फवाद खान और माहिरा खान स्टारर पाकिस्तानी फिल्म ‘द लीजेंड ऑफ मौला जट्ट’ 13 अक्टूबर को दुनियाभर में रिलीज हुई थी। फिल्म ने ग्लोबली 220 करोड़ की कमाई की है। लेकिन इस फिल्म को लेकर भारत में विवाद खड़ा हो गया है। मेकर्स इस फिल्म को भारत में रिलीज करने की सोच रहे थे। लेकिन उससे पहले महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने भारत में फिल्म की रिलीज का कड़ा विरोध किया है और भारत के किसी भी थिएटर में फिल्म को रिलीज नहीं होने देने की धमकी दी है।
महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के नेता अमेय खोपकर ने शुक्रवार को धमकी भरे लहजे में फिल्म का विरोध किया। अमेय ने अपने ट्विटर हैंडल से ट्वीट किया कि, ‘पाकिस्तानी अभिनेता फवाद खान की पाकिस्तानी फिल्म ‘द लीजेंड ऑफ मौला जट्ट’ को भारत में रिलीज करने की योजना बनाई जा रही है। सबसे ज्यादा हैरानी की बात यह है कि एक भारतीय कंपनी यह योजना बना रही है। हम राज साहब के आदेश के बाद इस फिल्म को भारत में रिलीज नहीं होने देंगे।’ हमने साफ कहा है कि अगर फवाद खान के फैन्स और देशद्रोही इस फिल्म को देखना चाहते हैं तो पाकिस्तान जाकर देख सकते हैं।
यह फिल्म पाकिस्तान में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन गई है। फिल्म ने पाकिस्तान में करीब 80 करोड़ पाकिस्तानी रुपये बटोरे। वहीं विदेशों की बात करें तो फिल्म ने 120 करोड़ रुपए (पाकिस्तान रुपए) कमाए हैं।
फवाद खान और माहिरा खान स्टारर ‘द लेजेंड ऑफ मौला जट्ट’ 1979 में इसी नाम से बनी कल्ट क्लासिक फिल्म का पंजाबी रीमेक है। पंजाबी भाषा की फिल्म ‘मौला जट्ट’ का निर्देशन यूनुस मलिक ने किया है। फिल्म में फवाद और माहिरा के साथ हुमामा मलिक, गौहर राशिद, फरीश सफी, अली अजमत, राहिला आगा, बाबर अली जैसे कई बड़े कलाकार नजर आ रहे हैं।
