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OPEC+ देशों के उत्पादन न बढ़ाने के फैसले से कच्चा तेल 11 साल के उच्चतम स्तर पर, भाव 116 डॉलर प्रति बैरल के पार

ब्रेंट क्रूड की कीमतों में लगातार चौथे महीने तेजी आई है। दिसंबर में ब्रेंट क्रूड की कीमतों में 10.22 फीसदी की तेजी आई थी। जबकि जनवरी में 17 फीसदी, फरवरी में 10.7 फीसदी और मार्च में 16 फीसदी अब तक महंगे हो गए हैं.

कच्चे तेल की कीमत 11 साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई है.
रूस और यूक्रेन के बीच जारी जंग (रूस-यूक्रेन संघर्ष) का असर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों पर पड़ रहा है. वहीं, OPEC+ देशों ने कच्चे तेल का उत्पादन नहीं बढ़ाने का फैसला किया है। इस फैसले से कच्चे तेल की कीमतों में और उबाल आ गया है। तेल की कीमत 116 डॉलर प्रति बैरल को पार कर गई। यह पिछले 11 साल में सबसे ज्यादा कीमत है। गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमत 3 फीसदी बढ़कर 116.3 डॉलर प्रति बैरल हो गई, जबकि डब्ल्यूटीआई क्रूड की कीमत 2.67 फीसदी बढ़कर 113.6 डॉलर प्रति बैरल हो गई. ब्रेंट क्रूड में लगातार चौथे महीने तेजी आई है।

ब्रेंट क्रूड की कीमतें 2011 के बाद से अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गई हैं। OPEC प्लस देशों ने उत्पादन नहीं बढ़ाने का फैसला किया है। अप्रैल से उत्पादन में 4 लाख बैरल की और बढ़ोतरी होगी। रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध की वजह से कच्चे तेल की कीमत में तेज उछाल आया है.

साल 2022 में क्रूड की कीमत में 40 फीसदी से ज्यादा की बढ़ोतरी
पिछले गुरुवार को कीमत 2014 के बाद पहली बार 100 डॉलर प्रति बैरल को पार कर गई। ब्रेंट और डब्ल्यूटीआई क्रूड 2022 में 40 फीसदी उछल गए हैं।

ब्रेंट क्रूड लगातार चौथे महीने चढ़ा
आपको बता दें कि ब्रेंट क्रूड की कीमतों में लगातार चौथे महीने बढ़ोतरी हुई है। दिसंबर में ब्रेंट क्रूड की कीमतों में 10.22 फीसदी की तेजी आई थी। जबकि जनवरी में 17 फीसदी, फरवरी में 10.7 फीसदी और मार्च में 16 फीसदी अब तक महंगे हो गए हैं.

पेट्रोल, डीजल की कीमतों में आग लगेगी
दिवाली 2021 के बाद देश में पेट्रोल-डीजल की कीमत में कोई बदलाव नहीं हुआ है. केंद्र सरकार ने उत्पाद शुल्क पर 10 रुपये और 5 रुपये की कटौती कर आम लोगों को राहत दी थी. लेकिन इसके उलट कच्चे तेल की कीमत में काफी तेजी आई है. घाटे को खत्म करने के लिए तेल कंपनियां ईंधन की कीमतों में 9 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी कर सकती हैं

सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम को कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से पेट्रोल और डीजल पर 5.7 रुपये प्रति लीटर का नुकसान हो रहा है.

$180  तक जा सकता है ब्रेंट क्रूड
इंडेक्सजीनियस इन्वेस्टमेंट एडवाइजर के सीएमटी अमित हरचेकर का कहना है कि यूक्रेन-रूस में बढ़ते तनाव से आने वाले दिनों में ब्रेंट क्रूड की कीमत 180 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकती है. पिछले 15 वर्षों से यह धारणा थी कि कच्चे तेल की कीमतें बियर बाजार में हैं लेकिन अब यह बुल बाजार में स्थानांतरित हो गई है।

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